जो आप अपने इंकम का कुछ प्रतिशत (%) निकाल कर एक सेपरेट A/c में रखते है, जो आप अपने जीवन में कुछ असामाजिक परिस्थितियों का सामना करने के लिए उपयोग में ले सकते है जिसे आप या हम फाइनेंशियल इमरजेंसी फंड कहते है।
इमरजेंसी फंड क्या होता है/ What is an Emergency Fund.
इमरजेंसी शब्द सुनते ही हमारे दिमाग में एक ही चीज क्लिक करता है की कोई ऐसा समय जो अचानक से आया है जिसका कोई एक्स्पेक्टैशन ही नहीं था। उसी प्रकार हमारे जीवन में एक फिन्नासियाल इमरजेंसी फंड (Financial Emergency Fund) होना चाहिए जो आने वाले समय में हमारे फाइनेंस को मजबूत रखे जैसा की डेली खर्चे ,होम रेंट ,मोबाइल बिल और गरोसेरी इत्यादि को बैलेंस कर सके मिनीम्म(Minimum) 6 महीनों तक ।
इमरजेंसी फंड के लाभ/Advantage of Emergency fund
1. किसी भी प्रस्थितियों से निपटने में मदद करता हैं।
2. परिवार , दोस्तों या किसी और से कर्ज लेने की नौबत नहीं आती हैं।
3. इमरजेंसी फंड रहने से आपके डेली के खर्चो और मासिक खर्चा को आसानी से चला लेने में सक्षम होता हैं।
4. इमरजेंसी फंड रहने से आपके फिक्स्ट डेपोजिट को तोड़वाने की नौबत नहीं आती है।
5. इमरजेंसी फंड के रहने से आपको किसी भी प्रकार की प्रोपर्टी को बेचने की नौबत नहीं आती हैं। जब आपके पास कोई इंकम नहीं आती हैं ।
इमरजेंसी फंड के लिए कहाँ इन्वेस्ट करें /Where to Invest for Emergency Fund
इस फंड का एक ही उद्देश्य होता ,जो की आपको इस इमरजेंसी फंड को एक्सक्यूट (Execute) करने के लिए कोई भारी भुक्तन नहीं करना हो ,इमरजेंसी फंड को आप जब चाहे उपलब्ध हो इसे जिस भी विकल्प में इन्वेस्ट कर रहे हों वह बिलकुल लिक्विड होना चाहिए।
स्विच-इन :-यदि आप अपनी बची हुई रखम को सैविंग अकाउंट (saving a/c ) में ही रखते हैं तो यह सुविधा आपको जरूर लेनी चाहिए ,आपको केवल अपने बैंक ब्रांच में जा के उनसे बोलना होगा की मेरा सैविंग अकाउंट (saving a/c ) को स्विच-इन में कन्वर्ट कर दे ।
जिससे आपके सैविंग अकाउंट (saving a/c ) पर फिक्स्ट डेपोसीट (Fixed Deposit) का इंटेरेस्ट देना होगा । स्विच-इन का एक सुविधा यह है की आपकी सहूलियत के अनुसार आपने पैसे को निकाल सकते हैं।
लिक्विड म्यूचूअल फंड :- कुछ बुद्धिजीवी लोग अपना इमरजेंसी फंड का पैसा लिक्विड फंडों में रखते है जिससे कुछ हद तक अन्य डेट ईन्वेस्ट्मेंट्स के मुकाबले एक सुरक्षित विकल्प हो सकता है। यह फंड आपके सैविंग अकाउंट (saving a/c ) से ज्यादा रिटर्न देता है। यह फंड भी विथडरावल के समय लगभग 1-3 दिन का वक्त लेता है।
इमरजेंसी फंड को मैनेज कैसे करें /How to Manage the Emergency Fund
किसी भी प्रकार का मनेजमेंट्स करने के लिए ,उसकी अच्छी तरह से जानकारी होनी चाहिए। इस आर्टिकल में हम फाइनेंशियल इमरजेंसी फंड को मैनेज करने के लिए ,हमें हमारे आय और खर्च का विक्षेपण करने की आवश्यकता है। विश्लेषण से आपको एक प्रॉपर गुइडेंस मिलेगा, जिससे आप अपना इमरजेंसी फंड को इम्प्रूव्ड कर सकते है।
बाजार में उतार -चढ़ाव तो आते ही रहते हैं आपको आपनी एक योजना बनानी होगी, की महीने का कुछ रखम को बुद्धिमानी से उपयोग कैसे किया जाएं। आप अपनी बचत जितनी जल्दी शुरू करेंगे उतनी तेजी से आप अपने फाइनेंशियल इमरजेंसी फंड को तैयार कर सकते है। फाइनेंशियल इमरजेंसी फंड से आपके पेशेवर और सामाजिक जीवन में भी सुधार होगा।
इमरजेंसी फंड को कलकुलेट कैसे करें/How to calculate an Emergency Fund
जब आप कोई फंड इकठा करने को सोचते है तो एक अनुमानित कलकुलेसन (calculation) बहुत जरूरी होता हैं, जिससे आप अपने अमाउन्ट (amount) को प्रेक्टिकली समझ पायें। इमरजेंसी फंड को बनाने के लिए , आपको लगभग 6 महीने के लिए और उससे ज्यादा हो तो 12 महीने के लिए इकट्ठा करना चाहिए।
इसका कलकुलेसन (calculation) बिलकुल सिम्पल है ,आपके महीने की अरनिंग से महीने का खर्च (महीने का रेंट ,इलेक्ट्रिक बिल ,मोबाइल रिचार्ज ) और जरूरी के समान को निकाल दिया जाये तो जो बचता है उस पैसें को आप इमरजेंसी फंड में डाल सकते है।और कुछ पैसे को किसी लम्बे समय के लिये इन्वेस्ट कर सकते हैं। जिससे आपका इनवेस्टमेंट से एअरिंग भी होती रहे और इमरजेंसी फंड भी बिल्ड होता हैं।